प्लास्टिक पैकेजिंग का ईपीआर, सरल शब्दों में
प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016 के तहत प्लास्टिक पैकेजिंग के उत्पादकों, आयातकों और ब्रांड स्वामियों (PIBO) को उतना प्लास्टिक पैकेजिंग अपशिष्ट एकत्र और संसाधित करना होता है जितना वे बाज़ार में लाते हैं। यह पेज 31 मार्च 2026 तक संशोधित विस्तारित उत्पादक उत्तरदायित्व के दिशानिर्देशों (अनुसूची II) का सार है।
किस पर बाध्यता है
- प्लास्टिक पैकेजिंग के उत्पादक, सूक्ष्म और लघु उद्यमों को छोड़कर; सूक्ष्म और लघु उत्पादक पंजीकरण करते हैं, और उन्हें आपूर्ति करने वाले प्लास्टिक कच्चे माल के विनिर्माता या आयातक उनका लक्ष्य उठाते हैं (अनुच्छेद 4 और 7.8)।
- प्लास्टिक पैकेजिंग के, फ़िल्म और प्रीफ़ॉर्म जैसी मध्यवर्ती सामग्री के, और प्लास्टिक पैकेजिंग में उत्पादों के आयातक (अनुच्छेद 4(b))।
- ब्रांड स्वामी, ऑनलाइन मार्केटप्लेस और रिटेल चेन सहित, सूक्ष्म और लघु उद्यमों को छोड़कर (अनुच्छेद 4(c))।
- प्लास्टिक अपशिष्ट संसाधक: पुनर्चक्रणकर्ता और जीवन के अंत में निपटान की इकाइयाँ। ये भी पंजीकरण करते हैं और प्रमाणपत्र जारी करते हैं।
चरण
- CPCB के कॉमन ईपीआर पोर्टल (epr.cpcb.gov.in) पर पंजीकरण करें: एक या दो राज्यों में काम हो तो राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के पास, अधिक में हो तो CPCB के पास (अनुच्छेद 6.1)।
- पिछले दो वर्षों के आँकड़ों से प्रवर्ग-वार अपना ईपीआर लक्ष्य निकालें।
- एकत्र करके पुनर्चक्रित या जीवन के अंत में निपटान में भेजे गए अपशिष्ट के लिए पंजीकृत प्लास्टिक अपशिष्ट संसाधकों से ईपीआर प्रमाणपत्र लें, कम से कम न्यूनतम पुनर्चक्रण हिस्सा।
- तालिकाओं के अनुसार अपनी पैकेजिंग में पुनर्चक्रित प्लास्टिक लगाएँ और, ब्रांड स्वामी के रूप में, कठोर पैकेजिंग का पुनः उपयोग करें।
- प्रमाणपत्रों, पुनर्चक्रित सामग्री और पुनः उपयोग के आँकड़ों के साथ पोर्टल पर वार्षिक रिटर्न भरें।
प्रश्न
ईपीआर लक्ष्य कैसे निकाला जाता है?
हर प्रवर्ग के लिए पिछले दो वित्तीय वर्षों में बेची गई (या आयात की गई, या ब्रांड स्वामी के रूप में नई खरीदी गई) प्लास्टिक पैकेजिंग का औसत लें, उन वर्षों के उपभोक्ता-पूर्व प्लास्टिक पैकेजिंग अपशिष्ट का औसत जोड़ें, और उत्पादक या आयातक के रूप में पिछले वर्ष ब्रांड स्वामियों को दी गई मात्रा घटाएँ। 2023-24 से लक्ष्य इस मात्रा का 100 % है (अनुच्छेद 7)।
वार्षिक रिटर्न कब तक भरना है?
वित्तीय वर्ष के बाद 30 जून तक (अनुच्छेद 10.6), और केंद्र सरकार अधिकतम नौ महीने और दे सकती है (अनुच्छेद 12.9)। 2025-26 के लिए तिथि उत्पादकों, आयातकों और ब्रांड स्वामियों के लिए 31 दिसंबर 2026 और प्लास्टिक अपशिष्ट संसाधकों के लिए 31 अक्टूबर 2026 है (पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय का कार्यालय ज्ञापन, 28 अगस्त 2026)।
ईपीआर प्रमाणपत्र क्या है?
पंजीकृत प्लास्टिक अपशिष्ट संसाधक द्वारा पोर्टल पर बनाया गया रिकॉर्ड, उस प्लास्टिक पैकेजिंग अपशिष्ट के लिए जिसे उसने पुनर्चक्रित किया या जीवन के अंत में निपटान में भेजा, प्रवर्ग-वार। उत्पादक, आयातक और ब्रांड स्वामी प्रमाणपत्रों से लक्ष्य पूरा होना दिखाते हैं; अधिशेष को उसी प्रवर्ग में आगे ले जाया, पिछली कमी से समायोजित किया या बेचा जा सकता है (अनुच्छेद 8)।
ईपीआर प्रमाणपत्र की कीमत क्या है?
कीमत पोर्टल पर पंजीकृत संस्थाओं के बीच तय होती है, उस न्यूनतम और अधिकतम कीमत के बीच जिसे CPCB बाध्यता पूरी न करने की पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति के 30 % और 100 % पर तय करता है (अनुच्छेद 8.8 और 8.9)।
लक्ष्य पूरा न हो तो क्या होता है?
CPCB के दिशानिर्देशों के अनुसार पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति लगती है, और अधूरा भाग अगले वर्ष में अग्रेषित होता है। कमी तीन वर्ष के भीतर पूरी हो जाए तो क्षतिपूर्ति का कुछ भाग लौटता है: एक वर्ष के भीतर 75 %, दो वर्ष के भीतर 60 % और तीन वर्ष के भीतर 40 % (अनुच्छेद 9.5)।
क्या निर्यातकों और छोटे व्यवसायों को छूट है?
CPCB के FAQ के अनुसार निर्यातोन्मुख इकाइयों को ईपीआर बाध्यताओं से छूट है, और सूक्ष्म और लघु ब्रांड स्वामियों पर ईपीआर बाध्यता नहीं है। सूक्ष्म और लघु उत्पादकों को फिर भी पंजीकरण करना होता है; उनका लक्ष्य उनके कच्चे माल के आपूर्तिकर्ता पूरा करते हैं।
क्या बहु-स्तरीय पैकेजिंग पूरे वज़न से गिनी जाती है?
ईपीआर लक्ष्य के लिए हाँ: CPCB के FAQ में उद्धृत पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय के 3 फ़रवरी 2023 के कार्यालय ज्ञापन के अनुसार बहु-स्तरीय पैकेजिंग का पूरा वज़न गिना जाता है। प्रवर्ग III की पुनर्चक्रित सामग्री की बाध्यता केवल प्लास्टिक परतों पर है (G.S.R. 237(E))।
स्रोत: प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन नियम, 2016, अनुसूची II, जैसा G.S.R. 133(E) दिनांक 16 फ़रवरी 2022, G.S.R. 201(E) दिनांक 14 मार्च 2024 और G.S.R. 237(E) दिनांक 31 मार्च 2026 द्वारा संशोधित; CPCB का FAQ और पोर्टल की सूचनाएँ, 30 अक्टूबर 2026 को पढ़ी गईं। यह कानूनी सलाह नहीं है।